रियूनियन में सभी संतों का दिवस
सभी संतों का दिवस, जिसे ला तूसैं भी कहते हैं, 1 नवंबर को पड़ता है और रियूनियन में वैधानिक सार्वजनिक अवकाश है। यहाँ इसका पालन कब्रिस्तानों में विशेष रूप से दिखता है, जहाँ लोग कब्रों पर जाते और फूल चढ़ाते हैं। इस दिन फूलों की बिक्री पर भी असर पड़ता है और कुछ नगरों में आसपास के यातायात में बदलाव होते हैं।[1][2][3]
एक निश्चित तारीख का वैधानिक अवकाश
फ़्रांसीसी श्रम संहिता ला तूसैं को वैधानिक सार्वजनिक अवकाशों में शामिल करती है। सरकारी मार्गदर्शन में 1 नवंबर उन अवकाशों में है जो रियूनियन सहित विदेशी क्षेत्रों में मनाए जाते हैं। इसकी तारीख निश्चित है, किसी सप्ताह के दिन के नियम से तय नहीं होती।[1][2]
सार्वजनिक अवकाश होने का यह अर्थ अपने आप नहीं है कि हर कर्मचारी को छुट्टी मिलेगी। निजी क्षेत्र के अधिकांश कर्मचारियों के लिए यह तय करने का आधार सामूहिक समझौता है कि उस दिन काम नहीं होगा या नहीं; ऐसा समझौता न हो तो नियोक्ता निर्णय लेता है। यदि काम से छुट्टी वाला सार्वजनिक अवकाश रविवार जैसे सामान्य छुट्टी के दिन पड़े, तो कानून आम तौर पर उसके बदले एक और छुट्टी नहीं देता; समझौते में अधिक अनुकूल शर्तें रखी जा सकती हैं।[2]
नियमों में 1 नवंबर सप्ताहांत पर पड़ने पर कोई वैकल्पिक अवकाश तय नहीं है। रियूनियन में 20 दिसंबर को दासता उन्मूलन की स्मृति का अलग सार्वजनिक अवकाश भी है; यह स्थानीय अवकाश सभी संतों के दिवस से अलग है।[2]
इस दिन का धार्मिक अर्थ
कैथोलिक परंपरा में सभी संतों का दिवस सभी संतों के सामूहिक सम्मान का पर्व है। होली सी इसे उन लोगों का उत्सव बताती है जिन्होंने अपने जीवन में ईसा के साक्षी के रूप में जीवन जिया, और इसे 2 नवंबर को मनाए जाने वाले सभी दिवंगत विश्वासियों के स्मरण दिवस से जोड़ती है। दोनों पर्व एक-दूसरे से जुड़े हैं, लेकिन एक ही दिन नहीं हैं।[4]
कब्रिस्तान और फूल
रियूनियन में कब्रिस्तान जाना और कब्रों पर फूल चढ़ाना इस अवधि की अच्छी तरह दर्ज परंपरा है। क्षेत्रीय स्वास्थ्य एजेंसी के अनुसार, तूसैं के आसपास कब्रिस्तानों में खास भीड़ रहती है; लोग फूलदानों में फूल बदलते और गमलों में पानी डालते हैं। एजेंसी मच्छरों के प्रजनन को सीमित करने के लिए फूलदानों में पानी की जगह नम रेत इस्तेमाल करने और गमलों के नीचे की तश्तरियाँ हटाने की सलाह देती है।[3]
स्थानीय व्यवस्थाओं से यह पर्व कब्रिस्तान के बाहर भी दिखाई दे सकता है। सेंट-आंद्रे की नगरपालिका सूचना में तूसैं की अवधि के लिए कब्रिस्तानों के पास फूलों के बाज़ारों तथा अस्थायी यातायात और पार्किंग प्रतिबंधों का वर्णन है। यह एक नगर का उदाहरण है, इसलिए अपनी नगरपालिका की स्थानीय व्यवस्था की जानकारी लें।[5]
आगंतुक क्या अपेक्षा रखें
सार्वजनिक अवकाश के नियम ध्यान में रखकर अपने कामों की योजना बनाएँ: सरकारी कार्यालय और कई कारोबार बंद हो सकते हैं, लेकिन समय-सारणी सेवा और नियोक्ता पर निर्भर करती है। आधिकारिक मार्गदर्शन के अनुसार, निजी क्षेत्र के कर्मचारियों के लिए यह अवकाश अपने आप काम से छुट्टी नहीं बनता, इसलिए यह मानना सही नहीं कि हर दुकान या सेवा बंद होगी।[1][2]
कब्रिस्तान जाने पर 1 नवंबर के आसपास भीड़ की अपेक्षा रखें और प्रवेश, बाज़ार, पार्किंग या यातायात के बारे में स्थानीय सूचनाएँ देखें। सेंट-आंद्रे की सूचना के उदाहरण से पता चलता है कि कब्रिस्तानों के पास फूल विक्रेता सक्रिय हो सकते हैं; सटीक जगहें और व्यवस्थाएँ नगरपालिका के अनुसार बदलती हैं।[3][5]
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
रियूनियन में सभी संतों का दिवस कब है?
यह हर साल 1 नवंबर को मनाया जाता है। फ़्रांसीसी कानून में ला तूसैं की यही निश्चित तारीख दी गई है।[1]
क्या इस दिन सभी को छुट्टी मिलती है?
क्या सभी संतों के दिवस पर कब्रिस्तानों में भीड़ रहती है?
क्षेत्रीय स्वास्थ्य एजेंसी के अनुसार, तूसैं के आसपास कब्रिस्तानों में बहुत लोग आते हैं। इस दौरान फूल बदले जाते हैं और गमलों के पौधों की देखभाल की जाती है।[3]
स्रोत और संदर्भ
रियूनियन में सभी संतों का दिवस के लिए इस्तेमाल किए गए स्रोत:
- Sous-section 1 : Ordre public. (Articles L3133-1 à L3133-3)- Légifrance
- Jours fériés et ponts dans le secteur privé- Entreprendre Service Public / Direction de l'information légale et administrative
- Fête de la Toussaint : évitons les moustiques dans les cimetières !- Agence régionale de santé La Réunion
- Angelus, 1 November 2001, Solemnity of All Saints- The Holy See
- TOUSSAINT – CIRCULATION & MARCHÉ AUX FLEURS- Ville de Saint-André